"गोंडवाना दर्शन" (1985-2019) : अखिल भारतीय गोंडी साहित्य परिषद, गोंडवाना धरा, भारत के महान पुरोधाओं- परमश्रद्धेय हास.तिरु.सुन्हेरसिंह ताराम (संपादक), हास.तिरु. मोतीरावण कंगाली, हास.ठाकुर कोमल सिंह मरई, हास. तिरु. हीरा सिंह मरकाम, तिरु.शीतल मरकाम, तिरु.बी.एल.कोर्राम, तिरु.उज्जैन सिंह वट्टी, हास. तिरु.पतिराम तारम एवं समाज के अनेक अनाम सामाजिक, सांस्कृतिक चिंतक, शिल्पकार, साहित्यकारों के द्वारा भावी पीढ़ी को सतत नवजागरण की प्रेरणा देने वाली बहुमूल्य कृति है। ज्ञानवर्धन हेतु आप सभी को समर्पित।